आप टाइटल देख कर समझ गए होंगे की इस आर्टिकल में हम आपको कंप्यूटर में उपयोग होने वाले एक विशेष हार्डवेयर डिवाइस के बारे में बताने वाले है जिसका उपयोग डिजिटल डाटा स्टोरेज के लिए अधिकतर लोग इस्तेमाल करते है। आज के इस आर्टिकल में हम जानेगे की पेन ड्राइव क्या है (Pendrive Kya Hai) इसके प्रकार और इसका उपयोग किस तरह किया जाता है।
पेन ड्राइव क्या है (Pendrive Kya Hai)
पेन ड्राइव को आमतौर पर यूएसबी फ्लैश ड्राइव के रूप में जाना जाता है यह एक प्रकार का छोटा पोर्टेबल इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस होता है मतलब की इसमें डाटा को स्टोर करके आसानी से एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाया जा सकता है क्योंकि इसकी कॉम्पैक्ट डिज़ाइन छोटे पेन के आकार का होता है इसलिए इसे पेन ड्राइव नाम दिया गया है। आज एक समय में पेन ड्राइव का उपयोग दुनिया में अधिकतर कंप्यूटर या अन्य लोगो जो टेक्निकल डाटा के बारे में थोड़ा भी जानकारी रहते है इसे इस्तेमाल करते है पहले डाटा स्टोरेज के लिए फ्लॉपी डिस्क , CD/DVD इत्यादि डिवाइस का इस्तेमाल किया जाता था

लेकिन उसमे डाटा को स्टोर करने की बहुत कम सीमा होती थी लेकिन पेन ड्राइव में डाटा सुरक्षित होने के साथ अधिक से अधिक डाटा स्टोर किया जा सकता है। पेन ड्राइव या फ़्लैश ड्राइव को इस्तेमाल करने के लिए कंप्यूटर ,लैपटॉप ,स्मार्टफोन , टेबलेट्स या अन्य डिवाइस में आसानी से उपयोग किया जा सकता है जिस डिवाइस में USB (Universal Serial Bus) पोर्ट दिया गया हो। इस डिवाइस को इस्तेमाल करने के लिए अलग से किसी तरह के पावर सप्लाई की जरुरत नहीं पड़ती है पेन ड्राइव उपयोग के लिए USB पोर्ट से जरुरी पावर प्राप्त कर लेता है।
पेन ड्राइव की बनावट
पेन ड्राइव का ऊपरी सतह मेटल या प्लास्टिक या अन्य मटेरियल से बना होता है जिसके अंदर एक प्रिंटेड सर्किट बोर्ड होती है जिसमे कुछ चिप और अन्य इलेक्ट्रॉनिक कॉम्पोनेन्ट लगे होते है जो डाटा को रीड राइट के लिए EEPROM (Erasable Programmable Read-only Memory) टेक्नोलॉजी का उपयोग करता है।

पेन ड्राइव बनाने वाली कुछ कंपनियों के नाम
आज के समय में बहुत सारी कम्पनिया पेन ड्राइव का निर्माण करती है जो अलग अलग डिज़ाइन और स्टोरेज की पेन ड्राइव बनती है नीचे कुछ फेमस कंपनियों के नाम देख सकते है जो पेन ड्राइव के साथ साथ अन्य स्टोरेज डिवाइस का बनाती है।
- I-Ball
- HP
- Sony
- Transcend
- Kingston
- SanDisk
- Samsung
पेन ड्राइव की स्पीड
पेन ड्राइव की डाटा ट्रांसफर स्पीड के लिए अनेक फैक्टर उत्तरदायी होते है। जैसे की कंप्यूटर की स्पीड और पेन ड्राइव की रीडिंग और राइटिंग स्पीड आम तौर पर पेन ड्राइव निर्माता द्वारा और pen Drive के वर्शन पर निर्भर करती है। अधिकतर समय में पेन ड्राइव की स्पीड मेगा बाइट प्रति सेकंड के हिसाव से निश्चित कि जाती है पेन ड्राइव की स्पीड इस बात पर भी निर्भर करती है की डिवाइस का उपयोग अभी तक कितना किया जा चूका है मतलब डिवाइस कितना पुराना है और आप कितनी बड़ी फाइल को एक डिवाइस से दूसरे डिवाइस में ट्रांसफर कर रहे है।
USB का पहला वर्शन 1996 में रिलीज़ किया गया था USB 1.0 वर्शन में 1.5 Mbps का नार्मल डाटा और अधिकतम 12 mbps का अधिकतम डाटा सेंड किया जा सकता था । यदि आपके पास पेन ड्राइव का USB वर्शन 2. 0 है तो तो इसकी मैक्सिमम स्पीड 480 Mbps तक हो सकती है और यदि आपका पेन ड्राइव USB 3.1 वर्शन का पहला जनरेशन को सपोर्ट करता है तो इसकी स्पीड 5 Gbps तक हो सकती है अभी के लेटेस्ट USB पेन ड्राइव में 3.1 वर्शन का सेकंड जनरेशन आता है जिसकी अधिकतम स्पीड 10 Gbps तक होती है और आगे आने वाले समय में USB की स्पीड और अधिक हो सकती है।
पेन ड्राइव के प्रकार Types Of Pen Drive
अगर हम पेन ड्राइव के प्रकार की करे तो मार्किट में आपको उपयोगिता के आधार पर अनेको टाइप्स के USB पेन ड्राइव देखने को मिलेंगे जिनका साइज और आकार अलग अलग होता है।
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सिक्योरिटी पेन ड्राइव Security Pen Drive
इस तरह के पेन ड्राइव फिजिकली आम पेन ड्राइव के जैसे ही होते है लेकिन इसमें डाटा को स्टोर करने के लिए कुछ सिक्योरिटी फीचर दिए जाते है। इस तरह के पेन ड्राइव में स्टोर डाटा को कोई अनजान व्यक्ति इस्तेमाल नहीं कर सकता जब तक पेन ड्राइव का पासवर्ड पता न हो। इस तरह के पेन ड्राइव में स्टोर डाटा को इस्तेमाल करने के लिए सबसे पहले इसे अनलॉक करने के लिए पासवर्ड की आवश्यकता पड़ती है उसके बाद ही डाटा को एक्सेस कर सकते है।
म्यूजिक पेन ड्राइव Music Pen Drive
इस तरह के पेन ड्राइव नार्मल पेन ड्राइव के जैसे होते है जिसमे लोग म्यूजिक , मूवी और मनोरंजन इत्यादि से सम्बंधित डाटा स्टोर करते है। म्यूजिक पेन ड्राइव में ऑटो प्ले का फीचर दिया होता है जिसे सिस्टम में कनेक्ट करते ही म्यूजिक और मूवी आटोमेटिक म्यूजिक प्ले हो जाती है।
Boot Pen Drive
इस तरह के पेन ड्राइव में कंप्यूटर को बूटएबल बनाने के लिए किया जाता है मतलब की कंप्यूटर में नया ऑपरेटिंग सिस्टम को इनस्टॉल करने या फिर पहले से इनस्टॉल ऑपरेटिंग सिस्टम को रिपेयर करने के लिए bootbale पेन ड्राइव का इस्तेमाल किया जाता है।
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Keychain USB Pen Drive
इस तरह के पेन ड्राइव नार्मल पेन ड्राइव से छोटे या डिज़ाइनर , स्टाइलिश और फैंसी होते है जिनका उपयोग डाटा को स्टोर करने के साथ साथ keychain के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है।इस तरह के पेन ड्राइव स्टाइलिश होते है लेकिन डाटा स्टोरेज की क्षमता अन्य पेन ड्राइव के जैसी होती है।
पेन ड्राइव के उपयोग क्या हैं?
ऊपर हमने जाना की Pendrive Kya Hai है और Pen Drive कितने प्रकार के होते है अब हम जानेगे की पेन ड्राइव का उपयोग कहा कर सकते है।पेन ड्राइव का उपयोग आज के समय में डाटा को स्टोर करने के लिए अधिक किया जा रहा है। पेन ड्राइव डिवाइस का उपयोग डेटा को एक डिवाइस से दूसरे डिवाइस में ट्रांसफर करने के लिए भी किया जाता है। पेन ड्राइव आज के समय में एक बहुत ही उपयोगी हार्डवेयर डिवाइस माना जाता है। पेन ड्राइव के विभिन्न उपयोग को नीचे के कुछ बिन्दुओ से जान सकते है।
Store Personal Data
पेन ड्राइव का उपयोग आज के समय में अपने ऑफिस या घर के पर्सनल डाटा को Safely स्टोर करने के लिए किया जाता है। Pen Drive में आप आप अपना किसी भी तरह का पर्सनल डाटा जैसे की वीडियो ,डॉक्युमनेट , इमेज , प्रोजेक्ट ,ऑडियो , फैमिली डाटा स्टोर कर सकते है।
Updating Motherboard Firmware
पेन ड्राइव का इस्तेमाल कंप्यूटर , लैपटॉप , सर्वर इत्यादि डिवाइस के Firmware सॉफ्टवेयर को अपडेट करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। फर्मवेयर एक तरह का सॉफ्टवेयर होता है जो डिवाइस में मदर बोर्ड के चिप में स्टोर रहता है। वैसे फर्म वेयर को अपडेट करने के अन्य तरीके है लेकिन पेन ड्राइव इसे लिए सबसे अच्छा माना जाता है।
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Booting Operating Systems
कंप्यूटर , लैपटॉप , सर्वर इत्यादि में ऑपरेटिंग सिस्टम को इनस्टॉल करने , Update या Repair करने के लिए पेन ड्राइव का इस्तेमाल किया जाता है। आज के समय में अधिकतर कंप्यूटर इंजीनियर कंप्यूटर में ऑपरेटिंग सिस्टम को इस्टॉल करने के लिए पेन ड्राइव का इस्तेमाल करते है क्योकि यह CD/DVD की तुलना में सस्ता और आसान होता है।
Backup
पेन ड्राइव का इस्तेमाल अपने पर्सनल डाटा का बैकअप लेने या किसी अन्य डिवाइस में Backup लिए गए डाटा को स्टोर करने के लिए उपयोग किया जाता है आज के समय में अपने डाटा का बैकअप लेने के लिए पेन ड्राइव का इस्तेमाल अधिक किया जाता है।
पेन ड्राइव को उपयोग करने के फ़ायदे
अभी तक आपने पेन ड्राइव क्या (Pendrive Kya Hai )है और इसके उपयोग के बारे में जाना नीचे के शेष आर्टिकल में आप पेन ड्राइव के उपयोग से होने वाले फायदे के बारे में जान सकते है।
आज के समय में पेन ड्राइव का उपयोग डिजिटल डाटा को स्टोर करने , बैकअप लेने या फिर डाटा को एक स्थान से दूसरे स्थान ले जाने के लिए सभी लोग इस्तेमाल करते है क्योकि इसमें अन्य स्टोरेज डिवाइस के मुकाबले बहुत अच्छे फीचर दिए गए है इसके इस्तेमाल से अन्य पारंपरिक डाटा स्टोरेज डिवाइस का उपयोग बंद हो गया है या फिर कम हो गया है। नीचे आप पेन ड्राइव के उपयोग के फायदे के बारे में जान सकते है।
- आज के समय में पेन ड्राइव 1 GB से 2 TB तक के डाटा को स्टोर करने की क्षमता रखते है और आगे आने वाले समय में इनकी क्षमता और भी बढ़ सकती है।
- पेन ड्राइव डिवाइस का साइज बहुत कॉम्पैक्ट होता है जिससे इसे दूसरे स्थान ले जाना बहुत आसान होता है।
- यह डिजिटल डाटा को लगभग परमानेंट मेमोरी में स्टोर करके रखता है इसलिए इसे सेकंडरी मेमोरी के केटेगरी में रखा गया है।
- पेन ड्राइव CD/DVD के जैसे स्क्रैच और गिराने से ख़राब नहीं होते है और इसमें स्टोर डाटा सालो साल तक सुरक्षित रहता है।
पेन ड्राइव उपयोग करने के नुकसान।
- पेन ड्राइव या फ़्लैश ड्राइव का साइज छोटा होने से इसके खो जाने का दर रहता है।
- कंप्यूटर या अन्य डिवाइस में वायरस फ़ैलाने का सबसे पहला सोर्स माना जाता है जिससे यह कंप्यूटर के अन्य डाटा को भी इन्फेक्टेड कर देता है।
- पेन ड्राइव में लिमिटेड डाटा ही स्टोर कर सकते है
- USB पेन ड्राइव से डिलीट किये गए डाटा को आसानी से रिकवर नहीं किया जा सकता है।
पेन ड्राइव से सम्बंधित कुछ सवाल
पेन ड्राइव क्या है (Pendrive Kya Hai ) इस डाउट को दूर करने के बाद अक्सर लोगो के मन में पेन ड्राइव के उपयोग से सम्बंधित कुछ सवाल होते है जिन्हे हम इस आर्टिकल में बताने वाले है।
सिस्टम से अचानक पेन ड्राइव को हटाने से नुकसान हो सकता है.
वैसे पेन ड्राइव एक हॉट swappable डिवाइस होता है लेकिन पेन ड्राइव और जिस डिवाइस में पेन ड्राइव का उपयोग करते है और डाटा की safety के लिए के लिए इसे प्रॉपर तरीके से Unmount या डिसकनेक्ट करके निकलना चाहिए।
Magnet के संपर्क में आने से पेन ड्राइव को नुकसान हो सकता है।
पेन ड्राइव में किसी भी तरह के आयरन या मैगनेट का उपयोग नहीं किया जाता इसलिए इसको मेग्नेट के क्षेत्र में आने से नुकसान नहीं हो सकता है।
पानी के संपर्क में आने से पेन ड्राइव खरब हो सकता है।
पानी से पेन ड्राइव को कोई नुकसान नहीं हो सकता यदि डिवाइस पानी के संपर्क में आता है तो इसे अच्छी तरह से ड्राई कर ले उसके बाद ही इस्तेमाल करे ,क्योकि इसके अंदर इलेक्ट्रॉनिक चिप और सर्किट का इस्तेमाल किया जाता है जो पानी के संपर्क में आने से शार्ट सर्किट हो सकता है।
लेखक के अंतिम शब्द
इस आर्टिकल में में हमने आपको बताया की Pendrive kya hai उम्मीद करते है की इस आर्टिकल से आपको कंप्यूटर USB के प्रकार और पेन ड्राइव के बारे में सही जानकारी मिली होगी तो इसे अधिक से अधिक अपने सोशल मीडिया में शेयर करे और इस आर्टिकल से सम्बंधित किसी तरह के फीडबैक के कमेंट करे। इसी तरह की इंट्रेस्टिंग जानकारी के लिए हमारे अन्य ब्लॉग siyaservice.com पर जाये।